अंक : 16-31 JUL, 2017 (Year 20, Issue 14)

स्लोवाकिया: फाक्सवैगन मजदूरों की आंशिक सफल हड़ताल


Print Friendly and PDF

    स्लोवाकिया के फाक्सवैगन आटोमोबाइल प्लांट के लगभग 9000 मजदूर वेतन बढ़ोत्तरी की मांग को लेकर 20 जून से हड़ताल पर चले गये थे। राजधानी ब्रातीसल्वा स्थित इस प्लांट में 12000 से कुछ ज्यादा मजदूर काम करते हैं। फाक्सवैगन प्लांट के 1991 में स्लोवाकिया में स्थापित होने के बाद यह पहली हड़ताल थी। इस हड़ताल में फाक्सवैगन के कई ब्रांड कारों का उत्पादन रुक गया।

    जहां मजदूर लम्बे समय से 16 प्रतिशत वेतन बढ़ोत्तरी की मांग कर रहे थे वहीं प्रबंधन वार्ताओं में इस वर्ष 4.5 प्रतिशत वेतन वृद्धि व एक मुश्त 350 यूरो के भुगतान का प्रस्ताव रख रहा था। स्लोवाकिया के इस प्लांट में मजदूरों का औसत वेतन 1800 यूरो प्रति माह है जो राष्ट्रीय औसत वेतन 970 यूरो से काफी अधिक है। पर फाक्सवैगन के भारी मुनाफे को देखते हुये मजदूर यह मांग कर रहे थे कि इस मुनाफे का एक हिस्सा उन पर भी खर्च किया जाना चाहिये। इसके अलावा स्लोवाकिया के फाक्सवैगन मजदूरों का वेतन जर्मनी के मजदूरों से काफी कम है।

    इस हड़ताल का स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री राॅबर्ट फीको ने अपने एजेण्डे के तहत समर्थन किया। उनका एजेण्डा स्लोवाकिया के मजदूरों को जर्मनी के खिलाफ भड़काना था। उन्होंने कहा कि एक जर्मन कम्पनी जिसकी उत्पादकता इतनी अधिक है उसे अपने मुनाफे का कुछ अंश मजदूरों को देना ही चाहिये।

    मजदूर यूनियन और प्रबंधन के बीच कई दौर की वार्ताओं के बाद जब प्रबंधन झूकने को तैयार नहीं हुआ तो मजदूरों ने हड़ताल का निर्णय लिया और 20 जून से कम्पनी की असेम्बली लाईन ठप कर दी गयीं। प्रबंधन का कहना था कि मजदूरों की इतनी भारी वेतन वृद्धि की मांग स्वीकारने से आस पास के सभी देशों में अपने प्लांटों में उन्हें यह मांग झेलनी पड़ेगी और इससे प्रतियोगी माहौल में कम्पनी टिक नहीं पायेगी।

    अन्ततः 6 दिन की हड़ताल के बाद लम्बी वार्ता के बाद दोनोें पक्षों में समझौता हो गया और मजदूरों ने हड़ताल समाप्त कर दी। समझौते के तह 14.1 प्रतिशत वेतन वृद्धि पर सहमति बनी जो कि 3 किश्तों में नवम्बर 2018 तक लागू होगी। इसके साथ ही मजदूरों को 500 यूरो का एक मुश्त भुगतान व एक दिन की अतिरिक्त छुट्टी मिलना भी तय हुआ।

    फाक्सवैगन का यह प्लांट लगभग 1000 कार प्रति दिन की दर से पत्पादन करता है। पिछले वर्ष यहां कुल 388,697 कारों का उत्पादन हुआ था। अधिकतर कारों का निर्यात समृद्ध देशों को किया जाता रहा है। यह कम्पनी कार उत्पादन की अग्रणी कम्पनी है जिसके प्लाण्ट यूरोप के कई देशों के साथ तीसरी दुनिया के गरीब मुल्कों में भी हैं। भारी मुनाफे के बावजूद गरीब देशों में इसके प्लांटों में मजदूरों का वेतन काफी कम है। स्लोवाकिया के मजदूरों ने संघर्ष से आंशिक सफलता हासिल की और मजदूर अपना वेतन बढ़वाने में सफल रहे।

Labels: मजदूर हालात


घोषणा

‘नागरिक’ में आप कैसे सहयोग कर सकते हैं?
-समाचार, लेख, फीचर, व्यंग्य, कविता आदि भेज कर क्लिक करें।

अन्य महत्वपूर्ण लिंक्स


हमें जॉइन करे अन्य कम्यूनिटि साइट्स में

घोषणा

‘नागरिक’ में आप कैसे सहयोग कर सकते हैं?
-समाचार, लेख, फीचर, व्यंग्य, कविता आदि भेज कर
-फैक्टरी में घटने वाली घटनाओं की रिपोर्ट भेज कर
-मजदूरों व अन्य नागरिकों के कार्य व जीवन परिस्थितियों पर फीचर भेजकर
-अपने अनुभवों से सम्बंधित पत्र भेज कर
-विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं, बेबसाइट आदि से महत्वपूर्ण सामग्री भेज कर
-नागरिक में छपे लेखों पर प्रतिक्रिया व बेबाक आलोचना कर
-वार्षिक ग्राहक बनकर

पत्र व सभी सामग्री भेजने के लिए
सम्पादक
'नागरिक'
पोस्ट बाक्स न.-6
ई-मेल- nagriknews@gmail.com
बेबसाइट- www.enagrik.com
वितरण संबंधी जानकारी के लिए
मोबाइल न.-7500714375