स्थानीय

बस्ती बचाओ संघर्ष समिति के कार्यकर्ताओं पर लगे झूठे मुकदमों का अंत

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हल्द्वानी/ बनभूलपुरा बस्ती को रेलवे द्वारा अतिक्रमण बताए जाने के विरोध में कई स्तर पर संघर्ष चलता रहा है। इसमें ही बस्ती बचाओ संघर्ष समिति के जरिये इसे स

बाबा रामदेव की पतंजलि में सफाई मजदूरों की 3 दिन की हड़ताल

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हरिद्वार/ पतंजलि फेस-1 तथा पतंजलि फेस-2 हरिद्वार-रुड़की राष्ट्रीय राज्य मार्ग पर स्थित है। आचार्य कुलम, वाल्मीकि आश्रम, यूनिवर्सिटी, कन्या गुरुकुलम, वानप्

एंकर पैनासोनिक कम्पनी के हजारों मजदूरों की चार दिन की हडताल

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हरिद्वार/ सिडकुल में एंकर पैनासोनिक कंपनी के लगभग 4000 से अधिक स्थायी एवं अस्थायी मजदूरों ने अपनी हड़ताल को एक हफ्ते के बाद आश्वासन पर समाप्त कर दिया। हरि

किर्बी के मजदूरों के जुझारू संघर्ष की आंशिक जीत

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हरिद्वार/ हरिद्वार के सिडकुल में किर्बी के मजदूरों की बीस सालों की तानाशाही के खिलाफ 10 दिन की ऐतिहासिक हड़ताल आंशिक जीत के साथ समाप्त हुई। इस हड़ताल में ल

एंकर (पैनासोनिक) कम्पनी के मजदूर शोषण-उत्पीड़न के खिलाफ सड़कों पर

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हरिद्वार/ दिनांक 29 अप्रैल को सिडकुल (हरिद्वार, उत्तराखंड) में एंकर (पैनासोनिक) कंपनी के मजदूर वेतन वृद्धि और शोषण उत्पीड़न के खिलाफ काम बंद कर सडकों पर उ

समझौते के बाद विश्वविद्यालय के मजदूरों का आंदोलन स्थगित

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पंतनगर/ 15 अप्रैल 2025 को ट्रेड संयुक्त मोर्चा से जुड़ी यूनियन पंतनगर कर्मचारी संगठन पंतनगर, वि.वि.श्रमिक कल्याण संघ पंतनगर, राष्ट्रीय सफाई मजदूर कांग्रेस

भोजनमाताओं से अतिरिक्त काम कराना बंद करो

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उत्तराखण्ड में भोजनमाताएं रोज-ब-रोज कई समस्याओं से जूझ रही हैं। सरकार एक तरफ ईजा-बैणी महोत्सव मना रही है। उज्ज्वला गैस योजना को घर-घर पहुंचाने की बात कर रही है। लेकिन कई

काशी विश्वनाथ फैक्टरी में मजदूरों का शोषण

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मेरा नाम कपिल कुमार गौतम है। मैं काशीपुर के हिम्मतपुर वार्ड नं 6 में निवास करता हूं और दो साल से काशीपुर के हिम्मतपुर क्षेत्र में स्थित कम्पनी काशी विश्वनाथ में काम करता

आलेख

/amerika-dwaara-iran-par-naya-hamala-isake-doorgami-result

अमरीकी साम्राज्यवादी वर्चस्व को बढ़ाने में पश्चिम एशिया में दृढ़ स्तम्भ इजरायल रहा है। 1979 से पहले ईरान का शासक शाह रजा पहलवी  भी इस क्षेत्र में अमरीका का लठैत रहा है। 1979 में रजा पहलवी का तख्ता उलटने के बाद जो इस्लामी सत्ता आयी, वह लगातार अमरीकी साम्राज्यवाद की वर्चस्ववादी नीतियों का विरोध करती रही थी। यह सत्ता इजरायल द्वारा फिलिस्तीनियों को उजाड़े जाने और उनकी जमीनों पर यहूदी बस्तियां बसाने का विरोध करती रही है।

/amerika-aur-china-thyuusidaidsa-phaans

शी जिनपिंग के नेतृत्व में चीनी शासक भी दुनिया को यह जताने में लगे हुए हैं कि उनका अमेरिका से टकराने का कोई इरादा नहीं है। वे सबके साथ साझेदारी की बात कर सकते हैं। यानी अमेरिका व चीन साथ-साथ सारी दुनिया में छा सकते हैं।

/cocaroach-janta-party-hindu-fascist-v-sahi-raah

जेनरेशन जेड की युवा पीढ़ी को संघी ताकतें समझा रही हैं कि वे काॅकरोच जनता पार्टी के बहकावे में न आयें। वे मोदी के साथ खड़े रहें। वहीं काॅकरोच जनता पार्टी युवाओं के आक्रोश-दर्द को मुद्दा बना उन्हें बुराई मुक्त पूंजीवाद का ख्वाब परोस रही हैं। ऐसे में युवाओं को सही रास्ता तलाशना होगा। सही रास्ता इन दोनों रास्तों से अलग शहीदे आजम भगत सिंह का रास्ता है

/hindu-fascist-chunav-aayog-and-vidhansabha-chunaav

हिंदू फासीवादियों के लिए बिहार एस आई आर की पहली प्रयोगशाला थी। पश्चिम बंगाल  निशाने पर लंबे समय से ही था। ये तमाम प्रयास के बावजूद यहां की सत्ता से काफी दूर थे। चुनाव आयोग के जरिए एस आई आर और गृह मंत्रालय के अधीन अर्ध सैनिक बलों के दम पर इस किले को फतह करना हिंदू राष्ट्रवादियों का खास मकसद था। अंततः इस चुनाव में यहां की सत्ता को गिरफ्त में लेने में ये सफल हो चुके हैं। 

/imperialism-and-abhijat-workers-class

दूसरे विश्व युद्ध के बाद साम्राज्यवादी देशों में पूंजीपति वर्ग ने ‘कल्याणकारी राज्य’ कायम किये जिसके पीछे समाजवादी खेमे का दबाव तो था ही साथ ही उन देशों में संगठित मजदूर आंदोलन का भी भय था जो पहले विश्व युद्ध के बाद फिर उठ खड़ा हुआ था। दो विश्व युद्धों की तबाही और महामंदी की विभीषिका से उसका क्रांतिकारी तेवर भी था जिसे पूंजीपति वर्ग नजरअंदाज नहीं कर सकता था।