इजरायल-अमेरिका गठजोड़ का पुतला दहन

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लालकुंआ/ दिनांक 27 अगस्त को प्रगतिशील महिला एकता केंद्र  के कार्यकर्ताओं ने गाजा पट्टी पर इजरायली हमले के विरोध में इजराइल व अमेरिका के गठजोड़ का पुतला फूंका। लालकुआं के कार रोड में बड़ी संख्या में महिलाओं व पुरुषों ने गाजा के बच्चों का कत्लेआम बंद करो! भारत सरकार इजरायल से नाता तोड़ो ! अमेरिकी साम्राज्यवाद मुर्दाबाद! बेंजामिन नेतन्याहू मुर्दाबाद! आदि नारे लगाते हुए इजरायल अमेरिका के गठजोड़ का पुतला फूंका।
    
इस अवसर पर हुई सभा में बोलते हुए प्र.म.ए.के. की अध्यक्ष बिंदु गुप्ता ने कहा कि लगभग दो वर्षों से इजरायल ने फिलिस्तीनियों पर बमबारी जारी रखी हुई है। अमेरिकी साम्राज्यवाद की शह पर अब इजरायल समूचे फिलिस्तीन को हड़पना चाहता है। हाल में ही इजरायल ने गाजा पट्टी पर कब्जे की योजना की घोषणा की है। फिलिस्तीन में राहत आपूर्ति रोक पहले ही भुखमरी के हालात पैदा कर दिए गए हैं। खुद इजरायल के भीतर और दुनिया भर में नेतन्याहू का विरोध बढ़ रहा है। हत्यारे नेतन्याहू की जितनी भी निंदा की जाए कम है।  
    
प्र.म.ए.के. की पुष्पा ने कहा कि फिलिस्तीनी जनता भारी बमबारी के बीच भी अपना आजादी का संघर्ष जारी रखे हुए है। अमेरिका-इजरायल गाजा को तबाह करके भी उस पर कब्जे में असफल हुए हैं। फिलिस्तीन आज दुनिया भर में न्याय के लिए संघर्ष का प्रतीक बन गया है। प्र.म.ए.के. की काजल ने कहा कि भारत आजादी के बाद से फिलिस्तीन की मुक्ति का समर्थक रहा था परन्तु मोदी काल में भारत के शासकों के रिश्ते इजरायल से बढ़ते गए हैं।  भारत सरकार इस युद्ध में इजरायल की मदद कर फिलिस्तीन के महिलाओं-बच्चों के कत्लेआम में भागीदार बन रही है। भारत के शासकों का यह रुख शर्मनाक है। जरूरत है कि मांग की जाय कि भारत सरकार इजरायल से सारे सम्बन्ध तोड़ दे।                                                                     -लालकुंआ संवाददाता

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